ये है दुनिया की कुछ रहस्यमयी जगह जहा नहीं काम करता गुरुत्वाकर्षण बल,जानिए क्या वजह

आप सब ने बचपन में न्यूटन की लोकप्रिय कहानी के बारे में पढ़ा होगा कि जब वह एक सेब के पेड़ के नीचे बैठे थे तो उनके सिर पर एक सेब गिरा और तब उसने सोचना शुरू किया कि कोई भी वस्तु ऊपर से नीचे ही क्यों आती है ? जिसके बाद उन्होंने गुरुत्वाकर्षण के नियम की खोज की । गुरुत्वाकर्षण बल के कारण हम पृथ्वी पर चल पाते है ।

गुरुत्वाकर्षण वह बल है जो सौर्य मंडल में सूर्य और अन्य ग्रहों को बांधे रखता है. यही वो ताकत है जो हमें और हर चीज़ को धरती की सतह से बांधे रखती है या धरती के केंद्र की तरफ खीचती है लेकिन हमारी पृथ्वी पर कुछ ऐसी जगह हैं जहां गुरुत्वाकर्षण बल काम नहीं करता है. आइए जानते हैं उन जगहों के बारे में ।

मिस्ट्री स्पॉट, सांता क्रूज, कैलिफोर्निया

मिस्ट्री स्पॉट अमेरिकी राज्य कैलिफोर्निया के सांता क्रूज इलाके मे है । इस इलाके की एक खास विशेषता है । यहां एक ऐसा रिसोर्ट है, जहां गुरुत्वाकर्षण बल के नियम काम नहीं करते । यहां के एक कमरे में अगर पानी को गिराया जाए, तो वह जमीन पर गिरने की बजाय पर ऊपर की ओर जाता है।

यदि आप वहा खड़े होकर गिरने की भी कोशिश करेंगे तो भी गिर नहीं पाएंगे क्युकि यहां के चुम्बकीय क्षेत्र में कुछ अलग प्रकार की अनियमितता है और यह चुम्बकीय अनियमितता 150 वर्ग फीट गोलाकार क्षेत्र में देखने को मिलती है । इस जगह की खोज 1939 में की गई थी। बाद में इसे मिस्ट्री स्पॉट कहा जाने लगा था।

कॉस्मोस मिस्ट्री एरिया, रैपिड सिटी

यह जगह अमेरिका के साउथ डकोटा मे है । अगर आप वहा जाते है तो आपको कुछ पेड़ दिखाई देंगे जो बहुत अजीब तरीके से इस मिस्ट्री एरिया की तरह झुके हुए है मिस्ट्री स्पॉट की तरह भी आप यहां एक एंगल पर बिना गिरे खड़े हो सकते है । इस जगह पर भी गुरुत्वाकर्षण बल काम नही करता है ।

मैग्नेटिक हिल, लद्दाख

भारत में भी कुछ ऐसे स्थान देखने को मिलते है जहा गुरुत्वाकर्षण के नियम काम नहीं करते । उनमे से एक स्थान है मैग्नेटिक हिल । यह भारत के लद्दाख में मौजूद है जोकि कारगिल से करीब 30 किमी दूर स्थित है जिसे मैग्नेटिक हिल के रूप में जाना जाता है ।

इस स्थान की यह विशेषता है कि अगर आपके पास कोई वाहन है और आप इसका इंजन बंद कर देते हैं और न्यूट्रल में अपना वाहन रखते हैं, तो यह धीरे-धीरे हिलना शुरू कर देगा और ऊपर पहाड की तरफ जाने लगेगा ।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Translate »