लॉकडाउन में फिट रहना चाहते है तो करें घरेलू कार्य

दुनियाभर के अधिकतर देशों में कोरोना वायरस के प्रकोप की वज​​ह से कई तरह के प्रतिबंध लगा दिए गए हैं। भारत व तमाम अन्य छोटे-बड़े देशों में लॉकडाउन के नियमों का पालन किया जा रहा है। इस दौरान केवल अनिवार्य सेवाओं और उत्पादों (मेडिकल व खाद्य पदार्थ) से संबंधित कार्यों को छूट दी गई है। इसके अलावा सभी लोगों को खुद का ध्यान देने और अपने आसपास उचित साफ-सफाई बनाए रखने की भी सलाह दी गई है। लेकिन लॉकडाउन के दौरान, खुद का ख्याल रखने के लिए स्वच्छता बनाए रखना ही एक मात्र तरीका नहीं है, लोगों को अपनी फिटनेस के बारे में भी जागरुक रहने की जरूरत है।

भले कोई व्यक्ति स्थानीय फिटनेस सेंटर, योग सेंटर, जिम या पाइलेट्स स्टूडियो में नियमित रूप से जाना पसंद करता हो, लेकिन कोविड-19 के इस दौर में सोशल डिस्टेंसिंग (एक जगह भीड़ न जमा करना व उचित दूरी बनाए रखना) को फॉलो करना बेहद जरूरी है और इसी वजह से कई इंडस्ट्री समेत फिटनेट इंडस्ट्री भी थम गई है। लोग अपने पसंदीदा फिजिकल एक्टिविटी करने में असमर्थ हो गए हैं। वैसे फिटनेस सेंटर के साथ-साथ हर उस जगह पर कोरोना वायरस का जोखिम है, जहां व्यक्ति अन्य लोगों से उचित दूरी नहीं बनाता है। ऐसे में फिटनेस सेंटर में भी कोरोना वायरस का जोखिम हो सकता है क्योंकि यहां तौलिया, योग मैट और मौजूद उपकरणों को छूने से वायरस फैल सकता है। हालांकि, कुछ लोग बार-बार अपने हाथों को धोते रहते हैं, लेकिन ऐसा करना पर्याप्त नहीं है।

फिजिकल डिस्टेंसिंग के मानकों का पालन हर जगह अच्छी तरह से किया जा रहा है, सरकार लगातार इस बात को लेकर प्रोत्साहित कर रही है कि केवल जरूरत का सामान लेने के लिए घर से निकलें और लोगों से उचित दूरी बनाए रखें। सरकारी स्वास्थ्य निकाय कोविड-19 जैसी खतरनाक बीमारी से लड़ने के लिए लोगों को सलाह दे रही हैं कि साफ-सफाई बनाए रखने के साथ-साथ स्वस्थ आहार लेना भी जरूरी है। इसके अलावा अपनी प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत करने के लिए नियमित तौर पर व्यायाम करते रहें।

ऐसे लोग जिन्हें जिम या फिटनेस सेंटर में बॉडीवेट एक्सरसाइज करने की आदत नहीं है, उन्हें एक्सरसाइज का सही तरीका और तकनीक का ज्ञान नहीं होता है। ऐसे लोगों को निराश होने की जरूरत नहीं है क्योंकि आपको जानकर हैरानी होगी कि घर में ऐसे बहुत से कामकाज होते हैं, जिन्हें करने से आप फिट रह सकते हैं।

शारीरिक गतिविधि के रूप में घरेलू काम करने के लाभ –
आमतौर पर हम दैनिक कार्यों (सामाजिक जीवन और कार्यालय) में व्यस्त रहते हैं। ऐसे में व्यायाम के लिए समय निकालना आसान नहीं होता है। हां, लेकिन घरेलू कार्यों के लिए प्रति दिन समय निकालना ही पड़ता है, तो क्यों न इन घरेलू कार्यों में व्यायाम के तरीकों को ढूंढ़ लिया जाए?

प्रतिदिन इन कार्यों के ​जरिए फिजिकल एक्टिविटी की जा सकती है और ऐसा करने से हमारे शरीर पर सकारात्मक प्रभाव पड़ता है।

लॉकडाउन में यह बात और भी उपयोगी लगती है, क्योंकि इस दौरान कई व्यक्तियों के पास खाली समय है और लोग भीड़-भाड़ वाले सार्वजनिक स्थानों में नहीं जा रहे हैं। ऐसे में लॉकडाउन का पूरा फायदा उठाने की जरूरत है और घरेलू कामकाजों के जरिए व्यायाम को अपनी दिनचर्या में शामिल किया जा सकता है।

हालांकि, हो सकता है कि व्यक्ति को औपचारिक व्यायाम की अपेक्षा घर के कामकाजों में रुचि न आए या उसे घर के कार्यों में ज्यादा थकान व तनाव महसूस होने लगे। ऐसे में ध्यान देने की जरूरत है कि वास्तव में आप किसी एक्टिविटी को कितनी देर कर सकते हैं और उससे कितनी कैलोरी कम हो सकती है।

बता दें, घरेलू कामों को हल्के में मत लीजिए, जी हां घरेलू कार्यों को करना जिम जाने जितना ही फायदेमंद हो सकता है। जिम जाने से कैलोरी कम हो, इस बात की कोई गारंटी नहीं होती है, क्योंकि यह निर्भर करता है व्यक्ति शारीरिक गतिविधियों और एक्सपर्ट द्वारा बताए गए आहार को उचित मात्रा में ले रहा है या नहीं।

फिलहाल ऐसे कई अध्ययन हो चुके हैं, जिनसे इस बात की पुष्टि हो चुकी है कि नियमित रूप से गृहकार्य करने से शरीर पर प्रभाव पड़ता है। इसके लिए किसी अतिरिक्त समय की आवश्यकता भी नहीं है।

डॉक्टरों और विशेषज्ञों का मानना ​​है कि घरेलू काम करने से हल्के तौर पर शारीरिक गतिविधि होती रहती है, जिससे व्यक्ति को फिट रहने में मदद मिलती है। इसके अलावा यदि कोई व्यक्ति घरेलू कार्यों के अतिरिक्त 30-45 मिनट तक औपचारिक व्यायाम करता है तो यह उसके शरीर पर दोगुना सकारात्मक प्रभाव डाल सकता है।

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